
BBAU में सत्र 2025–26 की प्रवेश प्रक्रिया जारी, छात्रों में बढ़ती रुचि
देशभर से आवेदन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व समावेशी माहौल बना रहा आकर्षण का केंद्र
लखनऊ: बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (BBAU), लखनऊ में शैक्षणिक सत्र 2025–26 के लिए प्रवेश प्रक्रिया जारी है। देशभर से छात्र विश्वविद्यालय में विभिन्न पाठ्यक्रमों में आवेदन कर रहे हैं। विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता, रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रम, अनुभवी शिक्षकों की टीम, समावेशी परिसर और उत्कृष्ट अधोसंरचना इसे छात्रों की पहली पसंद बना रहे हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार पीजी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए पंजीकरण प्रक्रिया 24 मई 2025 से प्रारंभ हो चुकी है, जिसकी अंतिम तिथि 18 जून 2025 निर्धारित है। इच्छुक अभ्यर्थी [https://bbaucuet.samarth.edu.in/pg/](https://bbaucuet.samarth.edu.in/pg/) पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। सामान्य, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के लिए ₹500 और एससी, एसटी, पीडब्ल्यूडी अभ्यर्थियों के लिए ₹300 पंजीकरण शुल्क निर्धारित है। विलंब शुल्क ₹1000 के साथ आवेदन की अंतिम तिथि 24 जून 2025 है।कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने बताया कि विश्वविद्यालय अकादमिक उत्कृष्टता के साथ सामाजिक समावेशन और नवाचार को प्राथमिकता देता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप बहु-विषयी, कौशल-आधारित और उद्योग से जुड़े पाठ्यक्रमों को बढ़ावा दिया गया है, जिससे छात्र व्यावहारिक अनुभव और नेतृत्व क्षमताओं के साथ तैयार हो सकें।विश्वविद्यालय में 18 प्रमुख स्कूल्स और 50 से अधिक विभागों में अंडरग्रेजुएट, पोस्टग्रेजुएट, डिप्लोमा और शोध स्तर के पाठ्यक्रम संचालित हैं। इस वर्ष कई नए रोजगारपरक व तकनीकी पाठ्यक्रमों की शुरुआत की गई है। इनमें सोशल मीडिया मार्केटिंग, फिल्म व थिएटर एक्टिंग, रेडियो-वीडियो जॉकी, कॉर्पोरेट कम्युनिकेशन, पाण्डुलिपि विज्ञान, पोस्ट-हार्वेस्ट टेक्नोलॉजी, डिफेंस एंड स्ट्रैटेजिक मैनेजमेंट, फ्रूट-प्रोसेसिंग, बेकरी, फूड एनालिसिस, न्यूट्रिशन एंड डाइटेटिक्स, योगा व नैचुरोपैथी, ऑफिस ऑटोमेशन एंड टैली आदि प्रमुख हैं।
विश्वविद्यालय ने हाल ही में इंडियन इंस्टीट्यूशनल रैंकिंग फ्रेमवर्क (IIRF) 2025 में केंद्रीय विश्वविद्यालयों की श्रेणी में 19वां स्थान प्राप्त किया है। साथ ही NAAC से ‘A’ ग्रेड प्राप्त कर उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा की अपनी साख को मजबूत किया है।एडमिशन सेल कमेटी के चेयरपर्सन प्रो. अमित कुमार सिंह ने बताया कि विश्वविद्यालय शिक्षा को नवाचार, कौशल और सामाजिक प्रासंगिकता से जोड़ते हुए छात्रों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार कर रहा है। विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठियाँ, कार्यशालाएं, स्टार्टअप एक्सपो, हैकाथॉन और एफडीपी जैसी गतिविधियाँ नियमित रूप से होती हैं।विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाकर एक उद्देश्यपूर्ण और समावेशी शिक्षा पद्धति से जुड़ें। विश्वविद्यालय से निकले छात्र समाज में सकारात्मक परिवर्तन के अग्रदूत बन रहे हैं।
