
अखिलेश यादव ने रानी अवंतीबाई लोधी को नमन किया, चुनाव आयोग और भाजपा सरकार पर साधा निशाना
लखनऊ, 17 अगस्त 2025: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को 1857 की क्रांति में अहम भूमिका निभाने वाली वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की जयंती के अवसर पर विधान भवन हजरतगंज, लखनऊ में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया।अखिलेश यादव ने कहा कि रानी अवंतीबाई का स्वतंत्रता संग्राम में योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने 1857 के विद्रोह में अंग्रेजों के खिलाफ महत्वपूर्ण अगुवाई की और उनका बलिदान आज भी प्रेरणा देता है।मीडिया से बातचीत में अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके शासन में फर्जी काम और भेदभाव बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री कमजोर दिखाई दे रहे हैं और लाल किले से जिस संस्था की तारीफ हो रही है, वह रजिस्टर्ड भी नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक और गरीब लोगों के साथ भेदभाव कर रही है, जबकि उद्योगपतियों को बढ़ावा दिया जा रहा है।अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी भाजपा को सत्ता से हटाएगी। उन्होंने चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि वोट की डकैती के 18 हजार शपथ पत्र समाजवादी पार्टी ने दिए, लेकिन आयोग ने कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने ईवीएम और वोटिंग मशीनों की पारदर्शिता पर भी सवाल उठाए और बैलेट वोटिंग की आवश्यकता पर जोर दिया।इस अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन विधायक राहुल लोधी ने किया। मंच पर सांसद अजेंद्र सिंह, पूर्व मंत्री अवधेश वर्मा, राजेन्द्र लोधी, पूर्व विधायक अम्बरीष पुष्कर और रोशन लाल वर्मा ने अखिलेश यादव का स्वागत किया। लोधी वीरेन्द्र शास्त्री भागवताचार्य ने अखिलेश यादव को पुस्तक “रामगढ़ की लड़ाई सन् 1857 की क्रांति रानी अवंतीबाई का अंग्रेजों से घोर संग्राम” भेंट की।कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं कार्यकर्ताओं सहित जयसिंह जयंत, फाखिर, सीएल वर्मा, नाहिद लारी खान, विजय यादव, मोहम्मद एबाद, पूजा शुक्ला, अजय सिंह लोधी, शिवशंकर राजपूत, मनोज पासवान, ताराचंद, प्रदीप कनौजिया, नीरज यादव सहित कई नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।इस अवसर पर रानी अवंतीबाई लोधी के बलिदान को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई और लोकतंत्र, न्याय और सामाजिक समानता की दिशा में समाजवादी पार्टी के प्रयासों पर जोर दिया गया।
