
लखनऊ : पूर्व मंत्री गायत्री प्रजापति पर रेप का आरोप लगाने वाली महिला के एक दूसरे मुकदमे में क्राइम ब्रांच ने रविवार को एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी राम सिंह पर पीड़ित महिला ने ही गौतमपल्ली कोतवाली में बीती 27 दिसम्बर 2019 को एफआईआर दर्ज कराई थी। इसमें राम सिंह के साथ दो अन्य अंशू गौड़ उर्फ ऑशू और दिनेश चन्द्र तिवारी भी आरोपी बनाये गए थे। गौरतलब हो कि इससे पहले पूर्व मंत्री गायत्री प्रसाद प्रजापति को बीते शनिवार को ही जमानत मिली है।
वहीं इस गिरफ्तारी को लेकर एसीपी हजरतगंज राघवेंद्र मिश्र ने बताया है कि चित्रकूट की पीड़ित महिला ने एफआईआर दर्ज करायी थी जिसकी जांच क्राइम ब्रांच कर रही थी। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ दुराचार, छेड़छाड़, बंधक बनाने, धोखाधड़ी और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में एफआईआर हुई थी।
पीड़िता का आरोप था कि राम सिंह ने वर्ष 2016 में एच-3 ब्लॉक, पार्क रोड स्थित मकान में दुराचार किया। इनके साथ अंशू और दिनेश भी थे। महिला ने इन लोगों पर अपनी नाबालिग बेटी से भी छेड़खानी व दुराचार करने का आरोप लगाया था। इस मामले में क्राइम ब्रांच ने राम सिंह को रविवार को गिरफ्तार कर गौतमपल्ली पुलिस के सुपुर्द कर दिया। यह गिरफ्तारी अचानक की गई थी। शुरू में इस मामले को पुलिस संदिग्ध बता रही थी।
वर्ष 2019 में इस एफआईआर दर्ज होने के बाद मामले ने गायत्री प्रजापति प्रकरण में फिर हड़कम्प मच गया था। इसी महिला के आरोपों पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर गायत्री प्रजापति समेत सात लोगों के खिलाफ एफआईआर हुई थी। इस एफआईआर में नामजद छह आरोपी विकाश शर्मा, रूपेश, आशीष, पिंटू सिंह और दो अन्य गिरफ्तार हुए थे। गायत्री की गिरफ्तारी तक न होने से राजनीतिक गलियारों में इस प्रकरण ने तूल पकड़ लिया था।
आखिर में पुलिस ने गायत्री प्रजापति को 18 फरवरी, 2017 को गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले में गायत्री प्रजापति को शनिवार को ही जमानत मिली है। उसके दूसरे दिन ही महिला के दर्ज कराये गए दूसरे मुकदमे में राम सिंह को गिरफ्तार किया गया है