
लखनऊ में शातिर टप्पेबाज गिरफ्तार, पीली धातु के कान के टॉप्स बरामद
लखनऊ: पुलिस आयुक्त लखनऊ के निर्देश पर अपराधियों और वांछित वारंटियों की गिरफ्तारी हेतु चलाए जा रहे अभियान के तहत पश्चिमी जोन की थाना चौक पुलिस ने एक शातिर टप्पेबाज को गिरफ्तार कर उसकी साजिश का पर्दाफाश किया। पुलिस उपायुक्त पश्चिमी तथा अपर पुलिस उपायुक्त पश्चिमी के निर्देशन में सहायक पुलिस आयुक्त चौक के पर्यवेक्षण तथा प्रभारी निरीक्षक चौक के कुशल नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। गिरफ्तार अभियुक्त का नाम आबिद पुत्र शकील अहमद है, जो काशीराम कॉलोनी, हंसखेड़ा थाना पारा का निवासी है और दैनिक मजदूरी कर जीवन यापन करता है। उसके कब्जे से पीली धातु के दो कान के टॉप्स तथा 115 रुपये नगद बरामद किए गए हैं।घटना 09 सितंबर 2025 की सुबह की है, जब वादिनी श्रीमती सुमन पत्नी अजय कुमार धानुक निवासी हुसैनाबाद थाना ठाकुरगंज क्वीन मैरी अस्पताल से अपने घर लौट रही थीं। वह ई-रिक्शे में बैठी थीं, जिसमें दो अन्य व्यक्ति भी सवार हो गए। बातचीत के दौरान उन्होंने अपना नाम क्रमशः आबिद और गणेश बताया तथा अपनी आर्थिक परेशानी बताकर पैसे मांगने लगे। पीड़िता ने कुछ रुपये देने की कोशिश की तो आरोपियों ने मना कर दिया और कहा कि उनके पास पर्याप्त पैसे हैं, लेकिन वे अपने कान का टॉप दे दें, इसके बदले उन्हें रकम दे देंगे। आरोपियों की बातों पर भरोसा कर पीड़िता ने अपना कान का टॉप दे दिया, परंतु कुछ देर बाद जब उसने टॉप को देखा तो उसमें रुपये की जगह कपड़े में सिलकर कागज की गड्डी मिली। स्वयं को ठगा महसूस कर उन्होंने तत्काल थाना चौक में तहरीर दी, जिसके आधार पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने कार्रवाई शुरू की।थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 10 सितंबर 2025 की रात लगभग 12:50 बजे अभियुक्त आबिद को हुसैनाबाद इंटर कॉलेज के पिछले गेट के पास से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने अपराध स्वीकार कर लिया और बताया कि टप्पेबाजी के जरिए लोगों को झांसे में लेकर उनका सामान हड़पना उसका मुख्य उद्देश्य है। पुलिस ने आरोपी के पास से पीली धातु के दो कान के टॉप्स और 115 रुपये नकद बरामद कर जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु प्रयास जारी हैं।इस घटना ने समाज में जागरूकता और सतर्कता की आवश्यकता को उजागर किया है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि ऐसे झांसे में आने से बचें और संदिग्ध व्यक्तियों की जानकारी तुरंत संबंधित थाने या हेल्पलाइन नंबर पर दें। पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक नागेश उपाध्याय, उपनिरीक्षक अंकित मौर्य, उपनिरीक्षक सुधीर कुमार, उपनिरीक्षक अमित कुमार भारती और कांस्टेबल अरविंद कुमार शामिल रहे। यह कार्रवाई लखनऊ पुलिस की तत्परता, साहस और जनता की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता का उदाहरण बनी है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में अपराधियों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
