
रील बाज’ पुलिसकर्मियों पर सीएम योगी सख्त!
यू पी Live: सीएम योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए हैं कि पर्व-त्योहारों और मेलों के अवसर पर प्रदेश में ‘स्वच्छता, सुरक्षा और सतर्कता’ सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। यह केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सेवा और संवेदना का कार्य है। प्रत्येक श्रद्धालु की सुविधा, सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करना हर अधिकारी का दायित्व है। संवेदनशील स्थलों पर ड्यूटी के दौरान ‘रील’ बनाने वाले पुलिसकर्मियों की तैनाती कतई न की जाए, ताकि जनसेवा के कार्य में अनुशासन और मर्यादा बनी रहे।

माहौल पूर्णतः शांतिपूर्ण, सुरक्षित और श्रद्धाभाव से भरा रहे। किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। घाटों पर पर्याप्त प्रकाश, फ्लोटिंग बैरियर, सीसीटीवी कैमरे, स्वास्थ्य उपकेंद्र, मोबाइल टॉइलट, खोया-पाया केंद्र और चेंजिंग रूम जैसी सुविधाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं। स्नान घाटों पर अतिरिक्त सतर्कता बरते हुए एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की तैनाती हो। बिना लाइफ जैकेट के कोई भी नाविक या पर्यटक बोटिंग न करे। सीएम ने निर्देश दिए कि आशा, आंगनबाड़ी, रसोइया तथा मानदेय पर कार्यरत कर्मियों को हर माह समय पर भुगतान किया जाए। अवैध खनन की शिकायतों पर सीएम ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि विशेष टीम गठित कर औचक निरीक्षण करवाए जाएं। यदि किसी भी क्षेत्र में अनियमितता पाई गई तो संबंधित अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई होगी। योगी ने ‘विकसित उत्तर प्रदेश @2047’ अभियान की समीक्षा की। विभिन्न जिलों से अब तक 72 लाख से अधिक सुझाव प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि इस अभियान को जनभागीदारी का स्वरूप दिया जाए, ताकि उत्तर प्रदेश के विकास का रोडमैप जनता के सुझावों से और सशक्त बने।