
लखनऊ : पशुपालन में आटे की सप्लाई के नाम पर हुये फर्जीवाड़े में फरार निलम्बित डीआईजी अरविन्द सेन ने बुधवार को कोर्ट में समर्पण कर दिया। अरविंद की समर्पण अर्जी पर बुधवार को ही सुनवाई थी। कुछ दिन पहले ही अरविन्द सेन के घर पर पुलिस ने कुर्की की नोटिस चस्पा करने के साथ ही डुगडुगी भी पीटी थी। 13 जून को इस फर्जीवाड़े की रिपोर्ट पीड़ित व्यापारी मंजीत भाटिया ने हजरतगंज में लिखाई थी।
इस मामले में फरार चल रहे डीआईजी अरविन्द सेन पर 50 हजार रुपये इनाम घोषित किया गया था। इसके बाद ही एसीपी श्वेता श्रीवास्तव की अर्जी पर कोर्ट ने कुर्की की कार्यवाही के लिये अनुमति दे दी थी और अरविन्द को भगोड़ा घोषित कर दिया था। पुलिस और एसटीएफ की कई टीमें अरविन्द सेन की तलाश में जुटी हुई थी। दो दिन पहले कोर्ट ने उनकी अग्रिम ज़मानत अर्ज़ी ख़ारिज कर दी थी।