
उन्नाव : सरकारी अस्पतालों में दवा इलाज के समुचित इंतजाम होने का सरकारी दावा हवा-हवाई साबित हो रहा है। हसनगंज के मोहान कस्बे में स्तिथि नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में समय से सिर्फ मरीज पहुंचते है, डाक्टर नही।यहां इलाज कराने के लिये आने वाले रोगियों को लम्बे इंतजार के बाद उपचार मुहैया हो पाता है। लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिये शासन की ओर से लाखों-करोड़ों रुपये खर्च किये जाते है। इसके लिये डॉक्टरों व कर्मचारियों की भारी-भरकम फौज भी तैनात की गयी है। मोहान स्तिथि नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 3 डॉक्टरों की नियुक्ति की गई है,जिसमे डॉ शोयब प्रभारी व दो महिला चिकित्सक डॉ मंजू गौतम व डॉ यामिनी सिंह है।
लेकिन सोंचने वाली बात यह है कि अस्पताल खुलने का समय 10 से 4 बजे तक है,और इनमें से कोई भी डॉक्टर 12 बजे के पहले अस्पताल नही पहुंचता है।हालांकि जिम्मेदारों की शिथिलिता के चलते मोहान का नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों का इलाज भगवान भरोसे चल रहा है। यहां रोज मरीजों की कतार तो लग जाती है लेकिन डॉक्टर साहब अपने समय से नहीं आते। मरीज व उनके तीमारदार घंटों इंतजार में खड़े रहते हैं। हालांकि शासन स्तर से स्वास्थ्य महकमे को जो गाइडलाइंस दी गई है और उसके अनुसार चिकित्सकों को सुबह 10 बजे के पूर्व अस्पताल में बैठकर इलाज करना तय किया गया है। लेकिन शासन का फरमान यहां के चिकित्सकों के लिए हवा हवाई साबित हो रहा है।