
लखनऊ: नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने वाला आरोपी सीतापुर से गिरफ्तार, मड़ियांव पुलिस की त्वरित कार्रवाई
लखनऊ: नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने वाला आरोपी सीतापुर से गिरफ्तार, मड़ियांव पुलिस की त्वरित कार्रवाई
लखनऊ: राजधानी लखनऊ के मड़ियांव थाना क्षेत्र से गायब हुई एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़की को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपी युवक को भी गिरफ्तार कर लिया है, जो लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले गया था। यह कार्रवाई रविवार रात को सीतापुर रोड स्थित हर्षा हॉस्पिटल के पास एक मंदिर के पास से की गई, जहां से दोनों को पकड़ा गया।घटना की शुरुआत 4 मई 2025 को हुई थी, जब लड़की संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई थी। 31 मई को पीड़िता के परिजनों ने थाना मड़ियांव में प्रार्थना पत्र देकर शिकायत दर्ज कराई कि उनकी नाबालिग बेटी को एक युवक संदीप बहला-फुसलाकर अपने साथ भगा ले गया है। शिकायत के आधार पर थाना मड़ियांव में मुकदमा मु0अ0सं0 294/2025, धारा 137(2)/87 बीएनएसएस के अंतर्गत दर्ज किया गया।इसके बाद पुलिस टीम ने सक्रियता दिखाते हुए मुखबिरों को लगाया और जांच तेज की। 6 जुलाई को पुलिस को मुखबिर के जरिए सूचना मिली कि संदीप और लड़की सीतापुर रोड स्थित एक मंदिर के पास खड़े हैं और शायद किसी स्थान पर भागने की फिराक में हैं। इस सूचना के आधार पर पुलिस ने तत्काल घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया।गिरफ्तार आरोपी की पहचान संदीप कुमार, पुत्र विजय पाल, निवासी अमानमुल्लापुर, थाना विसंवा, जिला सीतापुर, उम्र 22 वर्ष के रूप में हुई। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने शादी के इरादे से नाबालिग को बहला-फुसलाकर अपने साथ भगा ले गया था।पुलिस ने बरामद की गई नाबालिग लड़की को महिला कांस्टेबल किरण अग्निहोत्री की सुपुर्दगी में लेते हुए आवश्यक मेडिकल परीक्षण और परामर्श की व्यवस्था कराई। वहीं आरोपी को हिरासत में लेकर उसके विरुद्ध विधिक कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश किया गया।इस पूरी कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में उप निरीक्षक सत्येन्द्र प्रताप सिंह, उप निरीक्षक उत्तम कुमार, हेड कांस्टेबल राम दिनेश, हेड कांस्टेबल चंद्र पाल राठौर, कांस्टेबल नीरज कुमार सरोज, कांस्टेबल उदयभान सिंह, कांस्टेबल शहबान और महिला कांस्टेबल किरण अग्निहोत्री शामिल रहे।मड़ियांव पुलिस की सतर्कता और शीघ्र कार्रवाई से एक संभावित गंभीर अपराध को टाल दिया गया और नाबालिग लड़की को सकुशल परिजनों तक पहुंचाया गया। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि बालिकाओं की सुरक्षा के मामले में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे मामलों में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
