
लखनऊ: गैंगरेप के आरोपी सुबेदार को 10 साल की सजा, मोहनलालगंज पुलिस की प्रभावी पैरवी लाई रंग
लखनऊ: ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत लखनऊ पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। मोहनलालगंज थाना क्षेत्र में वर्ष 2012 में दर्ज बलात्कार और धमकी देने के मामले में आरोपी सुबेदार को न्यायालय ने दोषी करार देते हुए 10 वर्षों के कठोर कारावास और 21,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। न्यायालय द्वारा यह फैसला 30 जून 2025 को सुनाया गया।मामला मोहनलालगंज थाने में पंजीकृत मुकदमा संख्या 65/12 से जुड़ा है, जिसमें आरोपी सुबेदार पुत्र जुराखन, निवासी जैतीखेड़ा, मोहनलालगंज पर धारा 376 (बलात्कार) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत गंभीर आरोप लगे थे। पीड़िता की तहरीर के आधार पर केस दर्ज हुआ था, जिसकी गहन जांच और मजबूत पैरवी के बाद न्यायालय ने आरोपी को दोषी पाया।पुलिस आयुक्त लखनऊ और संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध एवं मुख्यालय) के निर्देशन में इस मामले की सुनवाई को लेकर विशेष निगरानी की गई। पुलिस उपायुक्त दक्षिणी निपुण अग्रवाल के पर्यवेक्षण तथा अपर पुलिस उपायुक्त अमित कुमावत व सहायक पुलिस आयुक्त रजनीश वर्मा के मार्गदर्शन में प्रभारी निरीक्षक दिलेश कुमार सिंह और पैरोकार सिपाही सुनील कुमार की टीम ने प्रभावशाली पैरवी करते हुए न्यायालय में ठोस साक्ष्य प्रस्तुत किए।विशेष न्यायाधीश (एडीजे/एफटीसी प्रथम) ने सुबेदार को धारा 376 के तहत 10 वर्ष के कठोर कारावास और 20,000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर उसे अतिरिक्त एक माह की सजा भुगतनी होगी। वहीं धारा 506 में दो वर्ष का कठोर कारावास और 1,000 रुपये जुर्माना लगाया गया है। इस जुर्माने के भुगतान न करने की स्थिति में 15 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।लखनऊ पुलिस ने कहा है कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत ऐसे जघन्य मामलों में दोषियों को जल्द से जल्द सजा दिलाने के प्रयासों में तेजी लाई जा रही है, जिससे पीड़ितों को न्याय मिल सके और समाज में कानून के प्रति विश्वास और सुदृढ़ हो।
