
इमामबाड़ों और घरों में मजलिस और मातम का दौर भी शरू हो गया है।
लखनऊ: इमामबाड़ा गुफरान मआब में होने वाली अशरे की पहली मजलिस को मौलाना कल्बे जवाद ने खिताब किया।चौक स्थित इमामबाड़ा में गुफरान मआब में काफी संख्या में अजादारों ने पहुचकर अपने इमाम को पुरसा पेश किया।मोहर्रम को लेकर पुलिस प्रशासन और नगर निगम निगम पूरी तरह मुस्तैद दिखाई दे रही है।शहर भर में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इन्तिजाम किये गए हैं।

2 महीने 8 दिन होने वाली मजलिसों, ताबूत और जुलूसों को लेकर पुलिस पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रही है।बीते दो साल कोरोना काल के चलते कई जगह प्रोटोकाल के साथ मजलिसे हुई थी।कोरोना के चलते लोगो ने घरों में ऑनलाइन मजलिसे सुनी थी और कोरोना के खात्मे के लिए दुआए मांगी थी।सरकार के आदेशों और प्रशासन की अपील पर लोगो ने घरों में फरशे अज़ा बिछाकर अपने इमाम को पुरसा पेश किया था।