
बिजली कनेक्शन शुल्क में भारी वृद्धि पर रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) ने यूपी सरकार से रद्द करने की मांग की
बिजली कनेक्शन शुल्क में भारी वृद्धि पर रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) ने यूपी सरकार से रद्द करने की मांग की
लखनऊ: रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) के प्रदेश अध्यक्ष पवन भाई गुप्ता ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर ऊर्जा विभाग द्वारा नए बिजली कनेक्शन के शुल्क में की गई भारी वृद्धि को गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के साथ अन्याय करार दिया है और तत्काल इसे वापस लेने की मांग की है।पवन भाई गुप्ता ने कहा कि पहले ₹1,032 में मिलने वाला नया बिजली कनेक्शन अब ₹6,400 में दिया जा रहा है, जो लगभग छह गुना अधिक है। उनका कहना है कि यह निर्णय नियामक आयोग की अनुमति के बिना लिया गया है, जिससे लाखों परिवार नए कनेक्शन लेने में असमर्थ हो गए हैं।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की RDSS योजना के तहत सभी उपभोक्ताओं को प्रीपेड मीटर नि:शुल्क लगाने का स्पष्ट निर्देश है, लेकिन उत्तर प्रदेश में ऊर्जा विभाग इसके विपरीत ₹6,061 तक की वसूली कर रहा है। इस कारण 10 सितंबर 2025 के आदेश के बाद लगभग 1,74,000 से अधिक उपभोक्ताओं ने नए कनेक्शन के लिए आवेदन किया, लेकिन आधे से भी कम लोगों को कनेक्शन मिला है। कई लोग या तो पैसा जमा करने के बाद भी कनेक्शन से वंचित हैं या छह गुना शुल्क बढ़ने के कारण आवेदन ही नहीं कर पा रहे।पवन भाई गुप्ता ने कहा कि सरकार बार-बार गरीबों को सस्ती बिजली और सुविधाजनक कनेक्शन देने का दावा करती रही है, लेकिन यह आदेश गरीब परिवारों के लिए असहनीय बोझ बन गया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि नए आदेश को तत्काल रद्द कर पुराने दर ₹1,032 को पुनः लागू किया जाए। साथ ही RDSS योजना के अंतर्गत सभी प्रीपेड मीटर नि:शुल्क लगाए जाएं और जिन उपभोक्ताओं से अधिक राशि ली गई है, उसे या तो वापस किया जाए या बिजली बिल से समायोजित किया जाए।पवन भाई गुप्ता ने कहा कि इस निर्णय से जनता में गहरा असंतोष फैल रहा है और यह सरकार की जनहितैषी नीतियों के विपरीत है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यह स्थिति नहीं सुधरी, तो जनता एवं पार्टी संगठित होकर इसका विरोध करेंगे।
