
पंजतन हाइट में प्रॉपर्टी डीलर ने खुद को गोली मारकर दी जान, फोरेंसिक जांच जारी
लखनऊ: थाना ठाकुरगंज क्षेत्र के पंजतन हाइट अपार्टमेंट में एक प्रॉपर्टी डीलर ने अपने फ्लैट में खुद को गोली मारकर जीवन समाप्त कर लिया। घटना का खुलासा तब हुआ जब आज शाम भेजी गई सूचना पर पुलिस और फोरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची और जांच पद्धति के अनुसार कार्यवाही शुरू कर दी।
पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान सैयद आबिद रजा नकवी (उम्र लगभग 40 वर्ष) के रूप में हुई है, जो पंजतन हाइट के प्रथम तल के फ्लैट संख्या 106 में रहते थे। परिजनों और पड़ोसियों के बयान के अनुसार आबिद रजा प्रॉपर्टी डीलिंग का कार्य करते थे और परिवार के साथ यहां रह रहे थे। आज सूचित किया गया कि फ्लैट के बाथरूम में ही आबिद ने पेट में गोली मारकर आत्महत्या कर ली।घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी ठाकुरगंज और उनकी टीम ने तत्क्षण मौके पर पहुंचकर परिसर सील किया तथा फोरेंसिक टीम को बुलाया। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य एकत्रित किए। मौके पर मृतक के पास से एक अवैध पिस्टल बरामद हुई है, जिसे सुसंगत विधिक प्रक्रिया के तहत कब्जे में लिया गया है। पुलिस ने घटनास्थल का पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और संबंधित धाराओं में आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।प्राथमिक पूछताछ में परिजन और नजदीकी लोग बताते हैं कि आबिद का स्वभाव सामान्य था, हाल के दिनों में वह कुछ परेशान दिख रहा था, किन्तु स्पष्ट कारणों का खुलासा अभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट व गहन जांच के बाद ही संभव होगा। मृतक की पत्नी वर्तमान में एरा मेडिकल कालेज में शिक्षिका के पद पर कार्यरत बताई जाती हैं। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अवैध हथियार किस स्रोत से आया और क्या इसमें किसी बाहरी हस्तक्षेप या दबाव की भूमिका है।थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की हर सम्भव कड़ को खंगाला जा रहा है, परिजनों तथा फ्लैट के आसपास रहने वाले लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल कॉल रिकॉर्ड तथा अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच की जाएगी ताकि आत्महत्या के वास्तविक कारणों और घटना के तंतुओं का स्पष्ट पता चल सके। फिलहाल मोहल्ले में शोक और अफ़रातफ़री का माहौल है जबकि पुलिस तनावपूर्ण स्थिति को नियंत्रित करते हुए घटनास्थल और साक्ष्यों की रक्षा कर रही है।जांच अधिकारीयों का कहना है कि पोस्टमार्टम और फोरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही सटीक निष्कर्ष पर पहुँचा जा सकेगा और उसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई तथा आवश्यक सार्वजनिक जानकारी जारी की जाएगी।
