
आधा दर्जन सरकारी कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया एसडीएम ने,कार्यवाही हेतु जिलाधिकारी को भेजी रिपोर्ट
उन्नाव : शासन के तमाम निर्देशो के बाद भी प्रसाशनिक अराजकता पर अंकुश नहीं लग पा रहा है,मनमानी हर पटल पर साफ साफ दिखाई पड़ती मंगलवार को उपजिलाधिकारी राजेश कुमार चैरसिया के औचक निरीक्षण में जो दिखा उससे यह साफ हो गया कि कठोर कार्यवाही के बिना सुधार की संभावना नहीं है,खास यह कि आधा दर्जन सरकारी कार्यालयों में की गई छापेमारी में सैंतालीस कर्मचारी अधिकारी अनुपस्थित पाए गये,बकौल एसडीएम कार्यवाही हेतु जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी गई है।
योगी सरकार ने सभी विभागाध्यक्षो को सुबह 9 बजे से जनसमस्याएं सुनने हेतु निर्देशित किया गया था,असर तहसील में तो दिखता है मगर अन्य कार्यालयों में नहीं लापरवाही का घना कोहरा छटने का नाम नहीं ले रहा है,अधिकारियों से लेकर कर्मचारियों तक ज्यादातर समय से कई घण्टे देर में पहुंचना आदत बन गयी है,हकीकत जांचने हेतु उपजिलाधिकारी राजेश चैरसिया ने 10ः30 बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया डॉक्टर इसहाक अली , स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी राजेश कुमार सहित आठ कर्मचारी अधिकारी अनुपस्थित मिले 10ः45 पर वह नगर पंचायत पहुंचे यहाँ अधिशाषी अधिकारी व सफाई नायक नदारत मिले बाल विकास परियोजना कार्यालय तो खुला मिला किंतु वहां कोई कर्मचारी अधिकारी उपस्थित नहीं मिला,इसी तरह राजकीय बीज भंडार में भी जसवंत कुमार,शंभू दयाल,प्रेमलता कटियार अनुपस्थित मिले,सबसे हैरान करने वाली तश्वीर ब्लाक की थी पूरा स्टाफ गायब प्रमुख रूप से समस्त ग्राम विकास अधिकारी,जेई जयप्रकाश अनंत,एडीओ पंचायत शिवओम तथा सहायक विकास गजेंद्र सिंह,सहायक समाज कल्याण अधिकारी राजेंद्र कुमार अवस्थी सहित 35 अधिकारी कर्मचारी अनुपस्थित मिले ।
एसडीएम राजेश चैरसिया ने तहसील कार्यालय का भी निरीक्षण किया जिसमें कई कर्मचारी अनुपस्थित मिले,उल्लेखनीय है कि ज्यादातर विभागों की कामचोरी बेनकाब हो जाने से एसड़ीएम ने भी दांतो तले उंगलियां दबा ली इस सम्बंध में प्रेस से बात करते हुए एसडीएम चैरसिया ने कहा कि सूची बनाकर जिलाधिकारी को कार्यवाही हेतु भेज रहा हूँ एसडीएम के औचक निरीक्षण बाद कर्मचारियों, अधिकारियों का रवैया बदलेगा सम्भानाएँ कम है।