diwali horizontal

धर्मांतरण केस के आरोपी उमर गौतम सहित अन्य आरोपियों पर गंभीर धाराएं बढ़ाने के लिए ATS ने दी अर्जी

0 198

लखनऊ : गरीब, कमजोर, मूक बधिर लोगों को धन, नौकरी और शादी का लालच देकर धोखे से अपने मूल धर्म से इस्लाम में परिवर्तित करने के आरोपी मोहम्मद उमर गौतम, मुफ्ती जहांगीर आलम कासमी, इरफान शेख, सलाउद्दीन शेख, प्रसाद रामेश्वर कावरे उर्फ एडम, अर्सलान उर्फ भू प्रिय बंदो, कौसर आलम और फ़राज़ शाह के खिलाफ यूपी एटीएस ने गंभीर धाराएं बढ़ाने के लिए कोर्ट में अर्जी दी है. एटीएस ने अपनी अर्जी में आरोपियों के खिलाफ भारत सरकार के विरुद्ध युद्ध करने, युद्ध करने का प्रयास करने, ऐसे प्रयास जिससे सरकार आतंकित हो और युद्ध करने की परिकल्पना को मजबूत बनाने के लिए प्रयास करने की धाराओं को बढ़ाने की मांग करते हुए एक अर्जी विशेष सीजेएम कोर्ट में दी है. विशेष सीजेएम सुनील कुमार ने इस अर्जी पर सुनवाई के लिए सभी आरोपियों को जेल से तलब करते हुए आज की तारीख तय की है.

आपको बताते चलें कि एटीएस  इस गिरोह के सरगना उमर गौतम, जहांगीर कासमी, राहुल भोला, मन्नू यादव, सलाउद्दीन और इरफान के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर चुकी है. वहीं अन्य आरोपी प्रसाद कावरे, अर्सलान उर्फ भूप्रिय बंदो, कौसर आलम और फराज के खिलाफ विवेचना कर रही है. एटीएस की ओर से कोर्ट में दी गई अर्जी में बताया गया कि इस गिरोह का काम केवल अवैध धर्मांतरण नहीं है बल्कि यह गिरोह धर्मांतरण के जरिए भारत की जनसंख्या संतुलन बदलकर देश में विभिन्न धार्मिक वर्गों के बीच वैमनस्यता पैदा करके देश की अखंडता, एकता और संप्रभुता को चुनौती देने की तैयारी कर रहा है. अर्जी के मुताबिक गिरोह के लोगों का उद्देश्य धर्म विशेष की जनसंख्या को बढ़ाकर संवैधानिक व्यवस्था के खिलाफ जाकर वर्तमान में संविधान के तहत चुनी गई सरकार को हटाकर इस्लामिक राज्य स्थापित करना है.

Leave A Reply

Your email address will not be published.