
पूर्व सांसद आनन्द सिंह के निधन पर प्रमोद तिवारी ने जताया शोक, कहा— जनसेवा के आदर्श स्तंभ थे ‘आनन्द भाई’
पूर्व सांसद आनन्द सिंह के निधन पर प्रमोद तिवारी ने जताया शोक, कहा— जनसेवा के आदर्श स्तंभ थे ‘आनन्द भाई’
लखनऊ: राज्यसभा में उपनेता एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने उत्तर प्रदेश के पूर्व सांसद एवं पूर्व मंत्री आनन्द सिंह के आकस्मिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह समाचार अत्यंत पीड़ादायक और मन को व्यथित करने वाला है। आनन्द सिंह न केवल एक पुराने राजनेता थे, बल्कि उनके अपने जीवन में सादगी, समर्पण और जनसेवा की जो भावना रही, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनी रहेगी।प्रमोद तिवारी ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा, “आनन्द भाई मेरे केवल मित्र ही नहीं, बल्कि बड़े भाई जैसे थे। उन्होंने हमेशा मुझ पर बड़े भाई की तरह स्नेह और मार्गदर्शन बनाए रखा।”
उन्होंने कहा कि श्री आनन्द सिंह का राजनीतिक जीवन सच्चे अर्थों में जनपक्षधर रहा। वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने गरीबों, पिछड़ों और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों के लिए लगातार संघर्ष किया। वे मृदुभाषी, मिलनसार और सरल स्वभाव के व्यक्ति थे, जो कठिन परिस्थितियों में भी कभी विचलित नहीं हुए। आमजन के साथ उनका आत्मीय जुड़ाव ही उनकी सबसे बड़ी पूंजी थी।प्रमोद तिवारी ने कहा कि स्व. आनन्द सिंह के निधन से एक युग का अंत हो गया है। उन्होंने न केवल प्रदेश की राजनीति को नई दिशा दी, बल्कि मानवीय मूल्यों की भी सशक्त मिसाल पेश की। उनका जाना समाज के उन तबकों की अपूरणीय क्षति है, जिनकी वे आजीवन आवाज बने रहे।श्री तिवारी ने अंत में प्रार्थना करते हुए कहा, “मैं स्व. आनन्द सिंह जी को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं और ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि उन्हें चिरशांति प्रदान करें तथा उनके परिजनों और शुभचिंतकों को यह अपार दुख सहन करने की शक्ति दें।”
