
NEWDELHI: अमेरिकी समय के मुताबिक गुरुवार को पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप मीटिंग और संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे.
लेकिन उससे पहले डोनाल्ड ट्रंप भारत समेत दुनिया को सरप्राइज दे सकते हैं. उनका यह कदम बेहद सकारात्मक नहीं होगा. दरअसल डोनाल्ड ट्रंप मीटिंग से पहले रिसिप्रोकल टैरिफ यानी पारस्परिक आयात शुल्क लगाने से जुड़े एक्जीक्यूटिव ऑर्डर पर हस्ताक्षर कर सकते हैं. यह आदेश उन देशों पर आयात शुल्क लगाएगा,
जो अमेरिकी सामानों पर टैरिफ लगाते हैं. पारस्परिक आयात शुल्क एक व्यापार नीति है, जिसमें एक देश दूसरे देश पर उतना ही टैरिफ लगाता है, जितना उस देश ने उसके सामानों पर लगाया होता है. व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलीन लेविट ने बुधवार को प्रेस ब्रीफिंग में कहा, ‘मेरा मानना है कि यह प्रधानमंत्री की यात्रा से पहले हो जाएगा. राष्ट्रपति इसपर विस्तार से बात करेंगे.’ लेविट ने यह भी कहा कि अन्य देश अमेरिका को लूट रहे हैं. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बृहस्पतिवार को प्रधानमंत्री की मेजबानी करेंगे. पिछले महीने, ट्रंप के दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद दोनों नेताओं के बीच पहली द्विपक्षीय वार्ता होगी. मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर तस्वीरों के साथ पोस्ट किया, ‘थोड़ी देर पहले वाशिंगटन डीसी पहुंचा. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मिलने और भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक हूं. दोनों देश अपने लोगों के लाभ और बेहतर भविष्य के लिए मिलकर काम करते रहेंगे.’ मोदी राजधानी के मध्य में स्थित अमेरिकी राष्ट्रपति के अतिथि गृह ‘ब्लेयर हाउस’ में ठहरेंगे. ट्रंप पहले भी भारत के आयात शुल्क दरों की आलोचना करते रहे हैं. द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले हफ्ते ट्रंप के मुख्य व्यापार वार्ताकार जेमिसन ग्रीर की अमेरिकी सीनेट में पेशी के दौरान कई बार भारत का जिक्र हुआ. द्विपक्षीय वार्ता की तैयारी के तहत भारत, अमेरिकी ड्राई फ्रूट पर शुल्क कम करने का विचार कर रहा है