diwali horizontal

16 सितंबर 2026: अयोध्या की 10 प्रमुख खबरें

0 38

16 सितंबर 2026: अयोध्या की 10 प्रमुख खबरें

 

  • राम मंदिर के पहले सीईओ की नियुक्ति: श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पहले मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) के रूप में सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा ने आधिकारिक रूप से अपनी जिम्मेदारी संभाल ली है।

  • रामलला के दर्शन से शुरुआत: कार्यभार संभालने के बाद नव नियुक्त CEO जितेंद्र मिश्रा ने सबसे पहले रामलला के दर्शन किए और अपनी नियुक्ति को लेकर आभार व्यक्त किया।

  • ट्रस्ट में व्यवस्था में बदलाव और CA टीम: राम मंदिर ट्रस्ट की व्यवस्था में फेरबदल करते हुए खर्चों और वित्तीय गतिविधियों की पारदर्शी निगरानी के लिए दिल्ली से एक विशेष चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) टीम अयोध्या बुलाई गई है।

  • महेश भागचंदका बने नए कोषाध्यक्ष: राम मंदिर ट्रस्ट में फेरबदल के तहत महेश भागचंदका को नया कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है, जिनका पुराना नाता आरएसएस और मंदिर आंदोलन से रहा है।

  • दिग्विजय सिंह की ‘सनातन स्वाभिमान यात्रा’ पर संतों की प्रतिक्रिया: अयोध्या के संतों ने कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह की ‘सनातन स्वाभिमान यात्रा’ को राजनीतिक कदम करार दिया है, जिस पर अयोध्या में चर्चा गर्म है।

  • राजनीतिक बयानबाजी: सपा नेता अवधेश प्रसाद ने योगी सरकार के अयोध्या दौरे और मंदिर प्रबंधन को लेकर हमला बोला, जबकि भाजपा नेताओं ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी।

  • हनुमानगढ़ी के संतों का बयान: हनुमानगढ़ी के महंत राजू दास ने राम मंदिर के नए प्रशासनिक सुधारों और CEO की नियुक्ति के संदर्भ में अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि साधु-संतों की भक्ति की कोई बराबरी नहीं कर सकता।

  • सुरक्षा व्यवस्था को हाईटेक करने की तैयारी: राम मंदिर और अयोध्या जैसे संवेदनशील क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा आधुनिक हथियारों और स्नाइपर्स की तैनाती की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।

  • यूपी एजुकेशनल मिनिस्ट्रीयल आफिसर्स एसोसिएशन का अधिवेशन: अयोध्या मंडल का द्विवार्षिक अधिवेशन सिविल लाइन्स स्थित एक गेस्ट हाउस में संपन्न हुआ, जिसमें शिक्षकों और कर्मचारियों के मंडलीय अधिकारियों का चुनाव किया गया।

  • स्थानीय विकास कार्य और जनसुनवाई: अयोध्या नगर निगम और स्थानीय प्रशासन द्वारा शहर में जलापूर्ति, सीवर लाइन और सड़क निर्माण के कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ नागरिकों की समस्याओं के त्वरित निस्तारण पर जोर दिया जा रहा है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.