
अखिलेश यादव ने किया भरोसा तो 2022 के चुनावी समर में ठोकेंगे ताल!
आगामी विधानसभा चुनाव में सपा की बनेगी बहुमत सरकार!
बाराबंकी : भारत में चुनाव किसी भी स्तर का हो, चर्चाएं आम होती हैं। प्रदेश में आगामी वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव के दृष्टिगत अभी से ही राजनीतिक दलों ने जोर आजमाइश की तैयारियां शुरू कर दी हैं। सियासी पंडितों द्वारा कयासों का दौर चल पड़ा है, तो कई परिणाम पूर्व ही जीत की भविष्यवाणी करने में जरा भी पीछे नहीं हैं। हाल ही में सम्पन्न होने जा रहे पंचायत चुनाव को विधानसभा के चुनाव से जोड़कर देखा जाने लगा है। बताते चलें कि सूबे की राजनीति में बाराबंकी की एक शख्सियत का नाम हमेशा सुर्खियों में रहा है। समाजवाद के पुरोधा, राष्ट्रीय स्तर के कद्दावर नेता, पूर्व केन्द्रीय मंत्री जनप्रिय विकास पुरुष स्व.बेनी प्रसाद वर्मा किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। हाल ही कोरोना काल में विकास पुरुष काल कवलित बने।
जनपद ही नहीं, अपितु समूचा उत्तर प्रदेश दिवंगत बेनी बाबू का ऋणी रहेगा। हर चुनावी समर जनपद के लोगों को हमेशा बेनी प्रसाद वर्मा की कमी का एहसास कराता रहेगा। जनपद वासियों को हमेशा इस बात की प्रतीक्षा रहेगी कि कब कोई राजनेता जनप्रतिनिधि बनकर आये और स्व.बेनी बाबू के कमी की भरपाई करे। उनके सीरत को आत्मसात करके जिले भर में विकास की गंगा बहाये, और पुनः विकास की गाथा दोहराई जा सके। गौरतलब है कि बात जब विकास और विकास पुरुष की हो रही हो तो उनके अनुयायी का जिक्र होना भी लाजमी है। जनपद का चर्चित चेहरा, युवा नेता सदस्य विधान परिषद् राजेश यादव राजू में लोग दूसरे विकास पुरुष की झलक देख रहे हैं।
एमएलसी राजेश यादव भी स्वयं को दिवंगत बेनी बाबू का अनुयायी, उन्हें अपना आदर्श मानते हैं। एमएलसी यादव का कहना है कि बेनी बाबू को हमने हमेशा अपना गुरु और अभिभावक माना है। वह मेरे मार्गदर्शक हैं और आदर्श भी। जितना स्नेह मुझे सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव व राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिला, उससे कहीं ज्यादा बाबू जी से। बकौल राजेश यादव बेनी बाबू चाहे विधानसभा की सदन में रहे हों चाहे लोकसभा की, हमेशा अपनी अनोखी छाप छोड़ी है। जनमानस के कल्याण के लिए हमेशा कार्य किया, और अवाम के हितैषी सच्चे साथी रहे हैं। अपने कार्यकाल लोक निर्माण विभाग में मंत्री रहते जनपद के सभी प्रमुख मार्ग व गली में सड़कें बिछा दी। दूर संचार मंत्री रहते शहर से लेकर गंवई गांव तक टेलीफोन लाइनें बिछवा दी।
भारत सरकार में इस्पात मंत्री रहते हुए उन्होंने अनेक अविस्मरणीय कार्य करके जिले का गौरव बढ़ाने का कार्य किया है। संवाददाता से रूबरू राजू ने आगे कहा कि बेनी प्रसाद वर्मा ने वर्तमान भाजपा सरकार की तरह कभी कोई भेदभाव नहीं किया। आज किसानों की जो दुर्दशा है बेनी बाबू के समय में ऐसा बिलकुल नहीं हुआ। अल्पसंख्यक समुदाय का व्यक्ति हो या दलित या फिर किसी अन्य तबके का, सबको एकसाथ लेकर चलने का कार्य किया है। यही कारण है कि आज चाहे कोई भी दल व पार्टी का व्यक्ति हो, उसके मन में बाबू जी के प्रति प्रेम और स्नेह की भावना है। उनका राजनीतिक रुतबा ही अलग था। बाबू जी का यूं चले जाना मेरे लिए अपूर्णीय क्षति है। उनके बताए हुए रास्ते पर चलना मेरा दायित्व है। अवाम के प्रति पूरी निष्पक्षता से कार्य करने को हमेशा तत्पर रहता हूँ।