
भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चे को चाइल्ड संस्था को सौंपा
बाराबंकी : आर्थिक तंगी जो न कराये थोड़ा है। पढ़ाई की उम्र में नौनिहालों, बच्चों को अक्सर बालश्रम एवं भिक्षावृत में लिप्त कहीं भी देखा जा सकता है। सरकारी एवं तमाम गैर सरकारी संगठन इस दिशा में सराहनीय कार्य भी कर रहे हैं। बताते चलें कि आज जिला चिकित्सालय परिसर में एक किशोर भिक्षावृत करते देखा गया। वह बालक अपना क्षतिग्रस्त बायाँ हाथ दिखाकर लोगों से इशारों में रुपयों के सहयोग की बात कर रहा था।
इंसानियतपसंद मौके पर मौजूद लोगों ने सामाजिक संगठन आर्यावर्त नागरिक सेवा ट्रस्ट टीम को बच्चे की स्थिति बाबत जानकारी दी। जिला चिकित्सालय परिसर पंहुची ट्रस्ट टीम ने भिक्षावृत में लिप्त बालक से बातचीत की। आर्यावर्त नागरिक सेवा ट्रस्ट द्वारा चाइल्ड हेल्पलाइन पर सम्पर्क कर बच्चे को सुपुर्द कर दिया गया।
स्पष्ट करते चलें कि भिक्षावृत में लिप्त बालक ने अपना नाम आयुश शुक्ला और हालपता छत्रपालन चैपुला नहर निकट पल्हरी चैराहा बताया। बकौल आयुश, पिता जी पैडल वाला रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। माता जी भी कहीं मजदूरी करती हैं। आर्यावर्त नागरिक सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष लवकुश शरण आनंद द्वारा बच्चे को चाइल्ड लाइन टीम को सौंपते हुए उसके आर्थिक सहयोग, शिक्षा एवं इलाज किये जाने की बात कही गई। चाइल्ड लाइन टीम द्वारा आश्वस्त करते हुए बच्चे को अपने संरक्षण में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।