
उन्नाव : असोहा थाना क्षेत्र के समाधा गांव में ट्यूबवेल के गड्ढे की सफाई कर रहे ट्यूबवेल मालिक सहित एक अन्य युवक की भी मौत हो गई वहीं तीसरे युवक की हालत गंभीर। एसडीएम व सीओ ने मौके पर पहुंच दोनों शवों को बाहर निकलवाया गया और तीसरे गंभीर रूप से बीमार युवक को उपचार हेतु सी एच सी असोहा भेजा गया जहां से जिला अस्पाल रेफर किया गया। एसडीएम राजेश चौरसिया ने जहरीली गैस से मौत होने की संभावना जताई। अग्रिम कार्यवाही हेतु दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया ।
थाना क्षेत्र के सामाधा गांव के बाहर लखनऊ के मोहनलालगंज थाना क्षेत्र के अन्तर्गत बिंदौवा निवासी रामसेवक का कृषि फार्म है, उसी में ट्यूबवेल है। शनिवार को दोपहर में ट्यूबवेल के गड्ढे की सफाई के लिए रामसेवक ने समाधा निवासी प्रहलाद (18वर्ष) पुत्र अमृतलाल के साथ ट्यूबवेल की सफाई करने लगे। सफाई के दौरान कीचड़ होने के कारण प्रहलाद ट्यूबवेल के गड्ढे में फंस गया जिसको निकलने के लिए रामसेवक भी गड्ढे में उतर गया। दोनों को फंसता देख रामसेवक की पत्नी रामावती ने शोर मचाना शुरू किया तो बगल में प्रहलाद का भाई मुकेश जो बकरियां चरा रहा था,दौड़ कर आ गया। भाई को फसा देख कर मुकेश भी ट्यूबवेल के गड्ढे में कूद पड़ा गया।
शोर सुनकर अन्य ग्रामीण भी पहुंचे, जिन्होने रस्सी के सहारे तीनो को बाहर निकाला लेकिन तब तक ट्यूबवेल मालिक रामसेवक और मुकेश की मौत हो चुकी थी,जबकि प्रहलाद को इलाज हेतु असोहा सीएचसी भेजा गया जहां से जिला अस्पताल रिफर कर दिया।ग्राम प्रधान पति हरिकेश यादव ने पुलिस को सूचना दी। सूचना पर एसडीएम राजेश चौरसिया, सीओ विक्रमाजीत सिंह, एसआई रजनीकांत पाण्डेय मौके पर पहुंचे और शवों का पंचायतनामा भर कर पीएम के लिए भेज दिया व परिजनो को हर संभव आर्थिक सहायता दिलाने आश्वासन दिया। एसडीएम राजेश चौरसिया ने बताया कि ट्यूबवेल का गड्ढा गहरा होने से जहरीली गैसे से मौत होने की संभावना से इंकार नही किया जा सकता। पीएम रिपोर्ट के बाद ही मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा।