
वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला, मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने मोदी सरकार की मंशा को बताया सही
वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला, मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने मोदी सरकार की मंशा को बताया सही
लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 पर सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि यह फैसला मुसलमानों के प्रति मोदी सरकार की साफ नीयत पर मुहर लगाता है। इस फैसले के बाद सरकार की यह मंशा और मजबूत होगी कि वक्फ संपत्तियों का इस्तेमाल पिछड़े पसमांदा मुसलमानों और मुस्लिम महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए हो।दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि इस संशोधन अधिनियम का मुख्य उद्देश्य वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और जवाबदेही लाना है। उन्होंने बताया कि इस कानून के माध्यम से सरकार वक्फ संपत्तियों के दुरुपयोग को रोकना चाहती है, ताकि इन संपत्तियों का उपयोग गरीब मुसलमानों के विकास के लिए किया जा सके। सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने इस बात को स्पष्ट कर दिया है कि सरकार वक्फ संपत्तियों के बेहतर प्रबंधन के लिए पूरी गंभीरता से काम करना चाहती है।मंत्री अंसारी ने बताया कि मोदी सरकार वक्फ संपत्तियों के बेहतर रखरखाव, अवैध कब्जों को मुक्त कराने और वक्फ बोर्ड की कमेटियों में पिछड़े मुसलमानों और मुस्लिम महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से यह अधिनियम लेकर आई है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के आलोक में मुसलमानों के विकास के लिए जो भी आवश्यक होगा, केंद्र की मोदी सरकार उन सभी कदमों को जरूर उठाएगी।दानिश आजाद अंसारी का मानना है कि यदि वक्फ संपत्तियों का सही तरीके से उपयोग किया जाए, तो इससे भारत के मुसलमानों को विकास की नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि वक्फ संशोधन अधिनियम का मकसद वक्फ प्रबंधन में हो रही गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को खत्म करना है। साथ ही, वक्फ कमेटियों में आम मुसलमानों की भागीदारी बढ़ाना है, ताकि वक्फ संपत्ति का मूल उद्देश्य यानी मुसलमानों का विकास सुनिश्चित किया जा सके।
