
योगी सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का असर, नेपाल ने की यूपी पुलिस की तारीफ
U.P. POLICE : उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर बड़ी चर्चा हो रही है। इस बार इसकी गूंज सिर्फ भारत तक सीमित नहीं रही, बल्कि पड़ोसी देश नेपाल तक पहुंच गई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई वाली उत्तर प्रदेश सरकार और यूपी पुलिस की कार्रवाई की सराहना अब नेपाल सरकार और दिल्ली स्थित नेपाली दूतावास भी कर रहे हैं। दरअसल, उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में यूपी पुलिस ने एक ऐसे बड़े नेटवर्किंग फ्रॉड रैकेट का पर्दाफाश किया है, जिसने हजारों लोगों को अपने जाल में फंसा रखा था। यह गिरोह निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देकर लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी कर रहा था। जांच में सामने आया कि इस नेटवर्क का दायरा केवल उत्तर प्रदेश या भारत तक ही सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार पड़ोसी देश नेपाल से भी जुड़े हुए थे। पुलिस को शिकायतें मिलने के बाद जब जांच शुरू हुई तो कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। बताया जा रहा है कि इस फर्जी नेटवर्किंग कंपनी ने बड़ी संख्या में नेपाली नागरिकों को भी अपने जाल में फंसाया था।

लोगों को कम समय में पैसा दोगुना और तिगुना करने का लालच दिया जाता था। शुरुआत में कुछ लोगों को भुगतान कर भरोसा बनाया गया और बाद में बड़ी रकम जमा कराकर कथित तौर पर ठगी को अंजाम दिया गया। यूपी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस रैकेट से जुड़े कई लोगों को गिरफ्तार किया और महत्वपूर्ण दस्तावेजों के साथ वित्तीय लेनदेन से जुड़े सबूत भी जुटाए। जांच एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क के अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन और धन के प्रवाह की भी पड़ताल कर रही हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस कार्रवाई से नेपाल के कई नागरिकों को राहत मिली है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, नेपाल सरकार और नई दिल्ली स्थित नेपाली दूतावास ने इस मामले में यूपी पुलिस की तत्परता और प्रभावी कार्रवाई की सराहना की है। नेपाली पक्ष ने माना कि समय रहते की गई कार्रवाई से बड़ी संख्या में लोगों को और अधिक आर्थिक नुकसान से बचाया जा सका। राजनीतिक गलियारों में भी इस कार्रवाई की चर्चा हो रही है। योगी सरकार लगातार दावा करती रही है कि उत्तर प्रदेश में अपराध और संगठित धोखाधड़ी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। कुशीनगर की यह कार्रवाई उसी नीति का एक बड़ा उदाहरण बताई जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि आज के डिजिटल दौर में साइबर फ्रॉड और नेटवर्किंग घोटाले सीमाओं में बंधे नहीं रहते। ऐसे में किसी भी राज्य की पुलिस द्वारा की गई प्रभावी कार्रवाई का असर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी दिखाई दे सकता है। कुशीनगर मामले में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला है, जहां यूपी पुलिस की कार्रवाई की सराहना पड़ोसी देश तक पहुंच गई। फिलहाल जांच जारी है और उम्मीद की जा रही है कि आने वाले दिनों में इस नेटवर्क से जुड़े और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं। लेकिन एक बात साफ है कि कुशीनगर में हुई इस कार्रवाई ने न सिर्फ हजारों लोगों को राहत दी है, बल्कि उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्यशैली को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चर्चा का विषय बना दिया है