diwali horizontal

लखनऊ में लाठी-डंडों से जानलेवा हमला: तीन आरोपी गिरफ्तार, प्रदीप की हालत गंभीर, केजीएमयू में चल रहा इलाज

0 107

लखनऊ में लाठी-डंडों से जानलेवा हमला: तीन आरोपी गिरफ्तार, प्रदीप की हालत गंभीर, केजीएमयू में चल रहा इलाज

लखनऊ: के थाना गोमतीनगर विस्तार क्षेत्र के शालीमार झुग्गी-झोपड़ी इलाके में बीते 28 जुलाई की रात एक सनसनीखेज हिंसा का मामला सामने आया, जिसमें मामूली कहासुनी के बाद कई लोगों ने मिलकर तीन व्यक्तियों को लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा। इस हमले में प्रदीप कुमार नामक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे आनन-फानन में ट्रॉमा सेंटर (KGMU) में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।घटना की सूचना मिलते ही प्रदीप की पत्नी रूचि ने थाने में तहरीर दी, जिसके आधार पर थाना गोमतीनगर विस्तार में 1. सुधाकर (ठेकेदार), 2. अखिलेश, 3. पप्पू, 4. अहमद और 8-10 अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 191(2)/191(3)/109/352/351(3) बीएनएस के तहत केस पंजीकृत किया गया। बताया गया कि हमलावरों ने प्रदीप के साथ-साथ राहुल कुमार और राधेश्याम नामक दो अन्य व्यक्तियों को भी पीटा था।घटना की जांच का जिम्मा उपनिरीक्षक दिनेश कुमार तिवारी को सौंपा गया, जिनकी अगुवाई में गठित पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 31 जुलाई को तीन मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में अखिलेश कुमार (पुत्र छोटे लाल, निवासी तिवारीपुर, थाना शिवरतनगंज, जनपद अमेठी), सुधाकर मौर्य (पुत्र सन्तराम मौर्य, निवासी बुखारेपुर, थाना बाबूगंज, जनपद सुल्तानपुर), और मनोज कुमार (पुत्र जगवन्त निषाद, निवासी इब्राहिमपुर कन्धई, थाना रौनाही, जनपद अयोध्या) शामिल हैं।गिरफ्तार तीनों आरोपियों को गोमती नदी किनारे झुग्गी-झोपड़ी के पास से पकड़ा गया और उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त तीन डंडे भी बरामद किए गए हैं। पुलिस ने आवश्यक विधिक कार्यवाही पूरी कर तीनों को न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।इस गिरफ्तारी में उपनिरीक्षक दिनेश कुमार तिवारी, उपनिरीक्षक मिथलेश सिंह, हेड कांस्टेबल रामू यादव और कांस्टेबल रविन्द्र कुमार की संयुक्त टीम शामिल रही, जिन्होंने त्वरित और प्रभावी कार्यवाही करते हुए घटना में शामिल आरोपियों को पकड़ने में सफलता पाई।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस लगातार गश्त कर रही है। प्रशासन ने साफ किया है कि इस प्रकार की सामूहिक हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।स्थानीय निवासियों में इस घटना को लेकर रोष है और वे पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं। वहीं, प्रदीप के परिजन अस्पताल में उसकी हालत को लेकर चिंतित हैं और आरोपियों को कड़ी सजा दिए जाने की मांग कर रहे हैं।

Leave A Reply

Your email address will not be published.